Wednesday, February 14, 2018

Tu Deepak Mai Andhera

तर्ज :- मैं तेरी दुश्मन दुश्मन तू मेरा 
फिल्म :- नगीना 

मैं तेरा सेवक दाता तू मेरा
तू दीपक मैं अँधेरा - 2

क्या लाया हूँ क्या ले जाऊं, द्वार पे तेरे बलि बलि जाऊं,
मैंने तो डाला चरणों में डेरा || तू दीपक ||

निर्मल मन है कोमल काया, मुश्किल से यह नर तन पाया,
क्या क्या वादे करके आया, मूरख तूने जनम गंवाया,
यह तो दुनिया रैन बसेरा || तू दीपक ||

शिव की महिमा सब से न्यारी, अपनी जटों में गंग उतारी,
भांग धतुरा पीने वाला, हंस कर पी गया विष का प्याला,
देवों ने गाया गुणगान तेरा || तू दीपक ||

ॐ नाम की माला जपले, शिव के चौखट पर सर रख ले,
अगर जो शिव की आँख खुलेगी, "पदम्" की झोली भरी मिलेगी,
ऐसा मिलेगा न मौका सुनहरा || तू दीपक ||

-: इति :-

 

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