Sunday, March 25, 2018

Hanumat Ram Dware Ho Biraaje Sada

------ तर्ज :- सुमरत बोल हमारे हो ------

हनुमत राम द्वारे हो बिराजे सदा - 2 ||

लालई सोटा लाल लंगोटा,
लालई चोला तुम्हारे हो || बिराजे सदा ||

मंगल भवन अमंगल हारी,
मंगल को दुःख टारे हो  || बिराजे सदा ||

लछमन के लिए लाये संजीवन,
राम के काज सँवारे हो || बिराजे सदा ||

धुप कपूर की आरती होवे,
संजा और सकारे हो  || बिराजे सदा ||

दादा छींद गाँव के बन गये ,
"पदम्" करे जयकारे हो  || बिराजे सदा ||

पूरब दिशा भोलेनाथ बिराजे,
शंकर डमरू बारे हो  || बिराजे सदा ||

-: इति :- 


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